आरोप पत्र और संगठन के हैं। अदालत का अंतिम आदेश अलग है। कानूनी सलाह नहीं। 3 अक्टूबर 2026।
मध्य प्रदेश में होल्ड वाले ओबीसी पद का नियुक्ति पत्र तब मिलता है, जब भर्ती बोर्ड या विभाग आपके रोल नंबर पर आदेश चढ़ाए। 3 अक्टूबर 2026 तक ऐसा कोई सार्वजनिक विभाग-आदेश नहीं मिला है, जिससे हर होल्ड अभ्यर्थी की एक तारीख निकल आए। व्हाट्सऐप पर जो तारीख चल रही हो, वह आदेश नहीं है।
87 प्रतिशत और 13 प्रतिशत एक पत्र नहीं हैं
2019 से पहले मध्य प्रदेश में ओबीसी आरक्षण 14 प्रतिशत था। कमलनाथ सरकार ने इसे 27 किया। याचिकाएं लगीं। भर्ती रुकी नहीं। राज्य ने 87:13 का रास्ता लिया। 87 प्रतिशत पदों पर नियुक्ति आगे बढ़ी। अतिरिक्त कोटे से जुड़े 13 प्रतिशत पद होल्ड रहे। रिपोर्टों में सितंबर 2022 के सामान्य प्रशासन सर्कुलर और 4 अगस्त 2023 के अंतरिम आदेश, दोनों का जिक्र है। यह अंतिम फैसला नहीं है। विस्तार 87:13 फॉर्मूला क्या है में है।
पत्र का इंतजार 2022 से बताया जा रहा है
22 सितंबर 2026 को राहुल गांधी ने मुख्यमंत्री मोहन यादव को पत्र लिखा। इंदौर के छात्रों की गूंज कार्यक्रम का हवाला था। पत्र कहता है कि परीक्षा और चयन प्रक्रिया के बाद भी 13 प्रतिशत होल्ड पदों पर चयनित अभ्यर्थी 2022 से नियुक्ति पत्र का इंतजार कर रहे हैं। यह मांग है, भर्ती बोर्ड का आदेश नहीं। राहुल गांधी का पत्र अलग पेज पर है।
जनवरी 2025 की सुनवाई पर खबरें एक-दूसरे से नहीं मिलतीं
28-29 जनवरी 2025 को जबलपुर खंडपीठ की सुनवाई के बाद अखबार अलग-अलग लिख गए। टाइम्स ऑफ इंडिया ने लिखा कि खंडपीठ ने 87:13 का विरोध करने वाली याचिकाएं खारिज कीं और 27 प्रतिशत बढ़ोतरी पर रोक कायम रखी। फ्री प्रेस जर्नल के शीर्षक में फॉर्मूला खारिज और 27 प्रतिशत का रास्ता साफ लिखा गया। वकील रामेश्वर सिंह ठाकुर का बयान था कि 4 अगस्त 2023 वाली याचिका खारिज हुई और होल्ड पदों पर नियुक्ति शुरू होगी। दो शीर्षक एक आदेश नहीं बनते। अभ्यर्थी को आदेश की प्रति या विभाग की अधिसूचना देखनी चाहिए।
अक्टूबर 2025 की एक भर्ती रिपोर्ट में एमपीपीएससी की 28 परीक्षाओं में 942 और कर्मचारी चयन मंडल की 26 परीक्षाओं में 9,275 होल्ड पद गिनाए गए। जोड़ दस हजार से कुछ ऊपर बनता है। यह अखबार का आंकड़ा है, अदालत की गिनती नहीं। लाखों पदों वाला नारा इसी संख्या से न जोड़ें। होल्ड सूची का मतलब एमपीपीएससी 13 प्रतिशत होल्ड रिजल्ट वाले पेज पर है।
27 लागू हुआ, इसका मतलब पत्र निकल गया नहीं
सरकार की तरफ से 27 प्रतिशत देने की तैयारी वाले बयान आते रहे हैं। सितंबर 2026 में भी पत्र की मांग चिट्ठी और सड़क पर थी। बयान और रोल नंबर पर चढ़ा पत्र अलग चीज है। 27 प्रतिशत लागू हुआ या नहीं और 50 प्रतिशत की सीमा इसी कड़ी के पेज हैं।
एडवाइस:
रोल नंबर एमपीपीएससी, कर्मचारी चयन मंडल या उस विभाग की साइट पर मिलाएं, जिसकी परीक्षा दी थी। होल्ड सूची में नाम होना नियुक्ति पत्र नहीं है। 87 प्रतिशत वाले पद का पत्र आ चुका हो, तो उसे 13 प्रतिशत होल्ड का पत्र न समझें। व्हाट्सऐप की तारीख और फॉरवर्ड आदेश नहीं हैं। पत्र उसी पोर्टल पर आता है, जहां रिजल्ट आता है।