नवरात्रि विसर्जन विधि — दशहरा के बाद कलश का जल, जौ और मूर्ति। 2026 विजयादशमी अधिकतर पंचांगों में 20 अक्टूबर। जल पौधे में। नदी में तभी जब अधिकृत घाट हो।

कलश
नारियल-पल्लव उतारें। जल नाली में नहीं, पौधे की जड़ में। सिक्का घर में। नारियल प्रसाद।

मूर्ति
स्थायी मूर्ति न फेंकें। मिट्टी की मूर्ति अधिकृत घाट या घर के गमले में। प्लास्टर-थर्मोकोल नदी में नहीं।
साथ में
यह पाठ हिंदू लोक-परंपरा पर आधारित है। तिथि पंचांग से बदल सकती है। नदी-नियम स्थानीय प्रशासन के हैं। यह आस्था का नोट है — चिकित्सा, कानूनी सलाह या फल की गारंटी नहीं। वेबसाइट लाभ-हानि की जिम्मेदारी नहीं लेती।