विजयादशमी। अच्छाई की बुराई पर जीत का दिन।
दशहरा के दिन या अगले दिन कलश का विसर्जन करें। जौ या जौ के अंकुर नदी या कुएँ में प्रवाहित करें।
शाम को रावण, मेघनाद और कुंभकर्ण का पुतला दहन होता है।
साइट पर दशहरा शुभकामना और विसर्जन विधि पढ़ें। जय माता दी।